फरवरी में लगाए जाने वाली सब्जी के बारे में जानकारी | Vegetable to Grow in February Hindi

जनवरी माह समाप्ति की ओर है तथा फरवरी आने मे कुछ ही दिन शेष बचे है । यह सही समय है जब हम फरवरी में लगाए जाने वाली सब्जी की जानकारी कर लें तथा Garden में किए जाने वाले कार्यों की तैयारी शुरू कर दें ।

आज हम यहाँ जानेंगे कि फरवरी माह में किन सब्जियों के बीजों को हम बो सकते हैं । Seedling तैयार करने की विधि तथा पहले से मौजूद Seedlings और अन्य पौधों के देखभाल कैसे करनी है ।

उत्तर भारत में फरवरी माह में तापमान लगभग 8 से 25 डिग्री C के आसपास रहता है । सर्दियाँ खतम हो रही होती हैं और तापमान अब बढ्ने लगता है ।

फरवरी मे लगाए जाने वाली सब्जियां

फरवरी माह में इन सब्जियों के बीज को बो सकते हैं या Seedlings तैयार की जा सकती है ।जिनसे गर्मी भर आप तरह तरह की सब्जियाँ घर पर ही पा सकते हैं और रसायन युक्त सब्जियों से अपने परिवार की रक्षा कर सकते हैं ।

करेला Bitter Gourd

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : फरवरी -मार्च , जून-जुलाई

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : नवंबर – जनवरी , जून -जुलाई

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 20-30

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 0.5 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 1 फीट , पंक्तियों के बीच 4 फीट

परिपक्वता अवधि : 55-60 दिन

लौकी Bottle Gourd

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : फरवरी -मार्च , जून-जुलाई

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : नवंबर – जनवरी , जून -जुलाई

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 20-30

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 1 -2 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 1 फीट , पंक्तियों के बीच 4 फीट

परिपक्वता अवधि : 55-60 दिन

लौकी उगाने और देखभाल की पूरी जानकारी के लिए यहाँ क्लिक करें

बीन्स Beans

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : फरवरी -मार्च

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : नवंबर – जनवरी , जून -जुलाई

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 16-30

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 1-1.5 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 8 इंच , पंक्तियों के बीच 18 इंच

परिपक्वता अवधि : 45-50 दिन

पालक Spinach

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : सितंबर-नवंबर , फरवरी,

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : सितंबर-नवंबर

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 10-22

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 0.5 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 3 इंच , पंक्तियों के बीच 9 इंच

परिपक्वता अवधि : 55-60 दिन

बैंगन Egg Plant/Brinjal

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : जून-अगस्त , नवंबर -दिसंबर

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : जनवरी-फरवरी , जून -जुलाई , अक्टूबर-नवंबर

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 20-30

बुवाई विधि : Transplant यानि पहले सीद्लिंग्स तैयार कर लें फिर जब पौधे 3-4 इंच के हो जाए तब गमले या क्यारी में लगा दें ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 0.5 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 1 फीट , पंक्तियों के बीच 4 फीट

परिपक्वता अवधि : 55-60 दिन

खीरा Cucumber

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : फरवरी -मार्च , जून-जुलाई

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : जून -जुलाई , सितंबर-अक्टूबर, दिसंबर -जनवरी

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 16-32

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 0.5 इंच

बुवाई दूरी : पंक्तियों के बीच 12 इंच

परिपक्वता अवधि : 50-70 दिन

फ्रेंच बीन्स French Beans

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : फरवरी -मार्च

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : जुलाई-अगस्त

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 20-30

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 1 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 1 फीट , पंक्तियों के बीच 4 फीट

परिपक्वता अवधि : 55-60 दिन

भिंडी या ओकरा Okra

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : फरवरी -मार्च , जून-जुलाई

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : मई -जून , अक्टूबर-फरवरी

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 20-35

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 0.5 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 12 इंच, पंक्तियों के बीच 18 इंच

परिपक्वता अवधि : 45-50 दिन

कद्दू Pumpkin

उगाने का मौसम : उत्तर भारत : जनवरी-मार्च , सितंबर-दिसंबर, मई-जून

उगाने का मौसम : दक्षिण भारत : दिसंबर – जनवरी , जून -जुलाई

अंकुरण तापमान (डिग्री C) : 20-30

बुवाई विधि : प्रत्यक्ष यानि Direct बीज गमले या जमीन में लगा सकते हैं ।

बुवाई की मिट्टी में गहराई : 1 इंच

बुवाई दूरी : बीज के मध्य – 1 फीट , पंक्तियों के बीच 4 फीट

परिपक्वता अवधि : 55-60 दिन

 

Seedlings Soil कैसे तैयार करें

कुछ पौधे direct जमीन या गमले मे लगाए जा सकते हैं जैसे पालक , लोभिया ,भिंडी आदि किन्तु कुछ पौधों की पहले Seedlings तैयार करनी चाहिए फिर बड़े गमले मे Transplant करना चाहिए जैसे टमाटर , करेला आदि ।

Seedlings तैयार करने के लिए आप Seedling Tray नर्सरी से खरीद कर ला सकते हैं या फिर घर पर ही मौजूद Disposal Cup (Tea/Coffee) का इस्तेमाल कर सकते हैं ।

जिस Mixture में Seeds लगाने हैं उसे इन तीन मटिरियल को मिलकर बनाना सही रहेगा –

कोकोपीट         50%

वर्मी कम्पोस्ट     30%

परलाइट          20%

कोकोपीट , वर्मी कम्पोस्ट/गोबर की खाद और परलाइट/नदी के रेत इन तीनों को अच्छे से मिलाकर Tray या Cups में डाल लीजिये फिर बीजों को थोड़ा अंदर डाल कर मिट्टी डालकर पानी छिड़क दीजिये । इसको छांव वाली जगह पर रख दें लगभग दो सप्ताह के लिए जब तक पत्तियाँ न दिखने लगे ।

गार्डेन की मिट्टी तैयार करने के लिए पूरी जानकारी यहाँ से लें

3-4 पत्तियाँ आ जाने पर इन्हें आप बड़े गमले में Transplant कर सकते हैं ।

फरवरी माह में पुराने पौधों का पोषण

ज़्यादातर विशेषज्ञ की राय में पौधों को साल में दो बार अच्छी तरह से खाद देनी चाहिए एक बार जड़े में यानि फरवरी माह मे फिर लगभग 6 माह बाद गर्मी के सितंबर माह में ।

इस हिसाब से आने वाला फरवरी माह पौधों को पोषण देने का सही समय है तथा आपको उसकी तैयारी या कहें सभी सामग्री अभी से अपने पास मंगा लेना चाहिए ताकि समय पर आप पौधों को खाद दे सकें ।

अगर अभी आपने जल्द ही कुछ मात्रा में पौधों को खाद दिया है तो फरवरी में कम मात्रा में ही खाद दीजिए तथा आगे से फरवरी और सितंबर माह में नियमित रूप से पोषण देने का चक्र Cycle बना लीजिएगा ।

यहाँ दी गई जानकारी आपको कैसी लगी हमें कमेन्ट करके जरूर बताइये और आपका का भी कोई अनुभव हो तो जरूर शेयर करें ।

Happy Gardening

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